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पीएम मोदी ने संस्कृत सुभाषित साझा कर भारतीय सेना के शौर्य को किया नमन

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08 मई 2026, 02:37 PM
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पीएम मोदी ने संस्कृत सुभाषित साझा कर भारतीय सेना के शौर्य को किया नमन

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भारतीय सेना के साहस, शौर्य और पराक्रम को नमन करते हुए कहा कि देश की रक्षा के लिए जवानों का समर्पण हर देशवासी को गौरवान्वित करता है।

प्रधानमंत्री मोदी ने आज शुक्रवार को एक्स पर पोस्ट साझा कर सेना के जज्बे की सराहना करते हुए लिखा कि “देश के मान-सम्मान की रक्षा के लिए भारतीय सेना का शौर्य और पराक्रम सभी देशवासियों को गौरवान्वित करता है। मां भारती के लिए मर-मिटने का उनका जज्बा हर किसी को प्रेरित करने वाला है।”

प्रधानमंत्री ने एक संस्कृत सुभाषित भी साझा किया-

स्वधर्ममपि चावेक्ष्य न विकम्पितुमर्हसि |
धर्म्याद्धि युद्धाच्छ्रेयोऽन्यत्क्षत्रियस्य न विद्यते।।

सुभाषित का अर्थ

इस सुभाषित का अर्थ है कि अपने कर्तव्य का बोध होने पर व्यक्ति के मन में किसी भी प्रकार की दुविधा या भय नही होना चाहिए, क्योकि न्याय की वेदी पर धर्म और मर्यादा की रक्षा हेतु किया गया संघर्ष ही एक योद्धा के लिए आत्म-कल्याण का सर्वोतम और सर्वाधिक गौरवशाली मार्ग है।