CM के 24 घंटे बिजली के आदेश बेअसर, मथुरा में अफसरों की लापरवाही से गहराया संकट
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Vigul News
वृन्दावन। जनपद में बिजली संकट लगातार गहराता जा रहा है। तमाम दावों के बाबजूद विभागीय अफसर पूरी तरह विद्युत आपूर्ति बहाल करने में लगातार नाकाम साबित हो रहे हैं। जहां एक तरफ हाई टेम्प्रेचर में मशीनरी के मेंटनेंस ने अफसरों के हाथ पांव फुला रखे हैं। वहीं विभाग की वर्टिकल व्यवस्था आपूर्त्ति को दुरुस्त करने में बड़ी दिक्कत पैदा कर रही है। जिले में गर्मी का प्रकोप बढ़ने के साथ ही एक बार बिजली की मारामारी शुरू हो गई है। शहरी हो या ग्रामीण इलाके विद्युत आपूर्ति को लेकर त्राहिमाम मचा हुआ है। विभागीय अधिकारी हर संभव बिजली आपूर्ति का दावा कर रहे हैं।जबकि जमीनी हकीकत है कि औसतन आठ से दस घंटे ही आपूर्ति मिल पा रही है। जबकि
सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बिजली आपूर्ति को लेकर लगातार मॉनिटरिंग कर पूरे प्रदेश में चौबीस घंटे निर्बाध आपूर्ति के निर्देश दे रहे हैं। वहीं बिजली संकट है कि पटरी पर आ ही नहीं पा रहा है। मथुरा जनपद में तो हालात सुधरने का नाम ही नहीं ले रहे हैं। इसे लेकर जिम्मेदार अफसरों की बेपरवाही पूरी तरह सामने आ रही है। डिमांड बढ़ने के साथ ही फाल्ट और मेंटनेंस की समस्या हमेशा की तरह मुँह बाये खड़ी है।इधर गर्मी शुरू होने से ठीक पहले वर्टिकल सिस्टम का लागू करना कोढ़ में खाज का काम कर रहा है। विभाग के कुछ अधिकारी नाम न देने की शर्त पर बताते हैं कि वर्टिकल व्यवस्था किसी भी प्रकार से व्यावहारिक साबित नहीं हो रही है। इसमें इधर से उधर किए गए ज्यादातर जेई और एई अभी तक अपने क्षेत्र को ही सही ढंग से समझ नहीं पायें है। ऐसे में लगातार फॉल्ट होने से उन्हें आपूर्ति व्यवस्था को समझने का मौका ही नहीं मिल पा रहा है।इसके अलावा अपने अधीनस्थ लाइनमैन और टेक्नीशियन से तालमेल का अभाव भी बिजली संकट को दूर करने के बजाय बढ़ा रहा है। अगर विभागीय अधिकारियों की बेपरवाही का यही आलम बना रहा तो लोग सड़कों पर उतरकर धरना प्रदर्शन को बाध्य होंगे।